भाषा लिपि और व्याकरण संबंधी महत्वपूर्ण प्रश्न उत्तर bhasha lipi vyakaran
भाषा लिपि और व्याकरण संबंधी महत्वपूर्ण प्रश्न उत्तर
अतिलघूत्तरात्मक प्रश्न--
प्रश्न 1. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर एक से दो पंक्तियों में लिखिए।
(अ) मानव समाज के लिए भाषा का क्या महत्त्व है?
उत्तर-(अ) मानव-समाज में परस्पर विचारों एवं भावों को व्यक्त करने तथा आदान-प्रदान करने में भाषा का
सर्वाधिक महत्त्व है, यह अभिव्यक्ति का माध्यम है।
(ब) लिपि को परिभाषित करते हुए देवनागरी लिपि में लिखी जाने वाली दो भाषाओं के नाम लिखिए ।
उत्तर:- (ब) भाषा की ध्वनियों (वर्णों) को जिन लेखन-चिह्नों में लिखा जाता है उसे लिपि कहते हैं । देवनागरी लिपि में लिखी जाने वाली दो भाषाओं के नाम हैं-हिन्दी एवं संस्कृत।
प्रश्न 2, भाषा और बोली में क्या अन्तर है ?
उत्तर-व्यापक सामाजिक क्षेत्र में प्रयुक्त होने वाली वाचिक अभिव्यक्ति ' भाषा' कहलाती है और सीमित क्षेत्र में बोली जाने वाली 'बोली' कहलाती है।
प्रश्न 3. भाषा के कौनसे दो रूप होते हैं?
उत्तर-भाषा के दो रूप होते हैं- (1) मौखिक भाषा तथा (2) लिखित भाषा।
प्रश्न 4. हिन्दी खड़ी बोली ने अपने शब्द-भण्डार का विकास किस प्रकार किया है ?
उत्तर -हिन्दी खड़ी बोली ने संस्कृत के शब्दों के साथ पश्चिमी हिन्दी से शब्द लेकर अपने शब्द-भण्डार का
विकास किया है।
प्रश्न 5. हिन्दी व्याकरण-शास्त्र के बारे में संक्षेप में लिखिए।
उत्तर-हिन्दी व्याकरण-शास्त्र संस्कृत व्याकरण-शास्त्र पर आश्रित है, इसमें अंग्रेजी एवं क्षेत्रीय भाषाओं के कुछ अंशों व नियमों को भी अपनाया गया है।
प्रश्न 6. भाषा किसे कहते हैं ?
उत्तर-विचार-विनिमय के मौखिक एवं लिखित माध्यम को भाषा कहते हैं, वैसे मानव की व्यक्त वाणी को ही
भाषा कहते हैं।
प्रश्न 7. हिन्दी भाषा की कौनसी लिपि है?
उत्तर-हिन्दी भाषा की लिपि देवनागरी है।
प्रश्न 8. मौखिक भाषा का प्रयोग किस तरह होता है?
उत्तर-सामान्यत: आपसी बातचीत में, भाषण एवं संवाद में या केवल शाब्दिक निर्देश देने में मौखिक भाषा का
प्रयोग होता है।
प्रश्न 9. राष्ट्रभाषा किसे कहते हैं ?
उत्तर-किसी राष्ट्र के संविधान में मान्य, शासन के कायों में प्रयुक्त तथा, समस्त राष्ट्र में व्यवहार-योग्य भाषा
को राष्ट्रभाषा कहते हैं।
प्रश्न 10. उपभाषा किसे कहा जाता है?
उत्तर-सीमित क्षेत्र में बोली जाने वाली भाषा के स्थानीय रूप को उपभाषा या बोली कहा जाता है।
प्रश्न 11. लिपि किसे कहते हैं ?
उत्तर-भाषा को लिखने के लिए जिन ध्वनि-चिहों या लेखन-चिहों का प्रयोग किया जाता है, उसे लिपि कहते है।
प्रश्न 12. वैयक्तिक या व्यक्ति भाषा किसे कहते हैं?
उत्तर-पैतृक गुण, वातावरण, शिक्षा-दीक्षा तथा वाग्यन्त्र की भिन्नता के कारण वाणी का जो रूप उभरता हैं, उस व्यक्ति भाषा कहते हैं ।
प्रश्न 13. भाषा की कितनी इकाइयाँ होती हैं ?
उत्तर-भाषा को सामान्य रूप से पॉँच
इकाइयाँ होती हैं - (1) ध्वनि (2) वर्ण (3) शब्द् (4) पद और
5) वाक्य।
प्रश्न 14.'भाषा' शब्द की व्युत्पत्ति स्पष्ट कीजिए।
उत्तर-' भाषा' शब्द संस्कृत की भाष्' (भाष् व्यक्तायां वाचि) धात् से टाप (आ) प्रत्यय करने पर बनता हैं।
प्रश्न 15. 'उपबोली' किसे कहते हैं ?
उत्तर-स्थानीय बोली या एकदम सीमित क्षेत्र के लोगों की बोली को ' उपबोली' या स्थानीय बोली कहते हैं।
प्रश्न 16. बोली और भाषा का स्वरूप स्पष्ट कीजिए।
उत्तर-क्षेत्र-विशेष में प्रचलित भाषा को बोली कहते हैं, इसे ही क्षेत्रीय बोली या क्षेत्रीय भाषा भी कहते हैं।
प्रश्न 17. कोई बोली भाषा कब बन जाती है?
उत्तर-कोई बोली जब व्यापक रूप में प्रयुक्त होती है, उसमें साहित्य - रचना होने लगती है, तो वह बोली
भाषा बन जाती है ।
प्रश्न 18. परिनिष्ठित भाषा किसे कहते हैं ?
उत्तर-जो भाषा परिष्कृत, व्याकरण-सम्मत, सर्वजन स्वीकार्य, आदर्श रूप में प्रचलित एवं शासन-स्तर पर
व्यवहत होती है, उसे परिनिष्ठित भाषा कहते हैं ।
प्रश्न 19. हिन्दी भाषा की विभिन्न बोलियाँ कौनसी हैं? नाम लिखिए।
उत्तर-हिन्दी भाषा की विभिन्न बोलियाँ-पूर्वी हिन्दी, पश्चिमी हिन्दी, बिहारी, राजस्थानी तथा पहाड़ी हैं ।
प्रश्न 20. पूर्वी हिन्दी की प्रमुख बोलियाँ कौनसी हैं ?
उत्तर-पूर्वी हिन्दी की प्रमुख बोलियाँ हैं-अवधी, बघेली तथा छत्तीसगढ़ी।
प्रश्न 21. बोली किसे कहते हैं ?
उत्तर-सीमित क्षेत्र में प्रयुक्त होने वाली वाग्व्यवहार
की वाणी को 'बोली' कहते हैं।
प्रश्न 22. पश्चिमी हिन्दी की कौन - कौनसी बोलियाँ हैं?
उत्तर-पश्चिमी हिन्दी की ये बोलियाँ हैं-खड़ी बोली, ब्रज, बांगखू (हरियाणवी), बुन्देली तथा कन्नौजी।
प्रश्न 23. पहाड़ी हिन्दी की कौन-कौनसी बोलियाँ हैं ?
उत्तर-पहाड़ी हिन्दी की ये बोलियाँ हैं - गढ़वाली, कुमाऊनी तथा मंडियाली।
प्रश्न 24. राजस्थानी भाषा की प्रमुख बोलियाँ कौनसी हैं?
उत्तर-राजस्थानी भाषा की प्रमुख बोलियाँ मेवाडी, मारवाड़ी, मेवाती तथा हाड़ौती हैं।
प्रश्न 25. व्याकरण किसे कहते हैं ?
उत्तर-जिसके द्वारा भाषा को शुद्ध बोलने और शद्ध लिखने का ज्ञान होता है, उसे व्याकरण कहते हैं।
प्रश्न 26. व्याकरण के प्रमुख विभाग या अंग कौनसे हैं ?
उत्तर- व्याकरण के प्रमुख चार विभाग हैं - वर्ण-विचार, शब्द-विचार, पद -विचार और वाक्य- विचार।
प्रश्न 27. व्याकरणशास्त्र के द्वारा किसका विश्लेषण किया जाता है?
उत्तर - व्याकरणशास्त्र के द्वारा भाषा की ध्वनि (स्वर व व्यंजन), शब्द, पद, पदांश, वाक्याश आर वाक्य का
संरचना का विश्लेषण किया जाता है।
प्रश्न 28. वर्ण किन्हें कहते हैं ? परिभाषा बताइए।
उत्तर-मुख से उचरित स्वर-व्यंजन ध्वनियाँ जब लिखित या लिपि रूप में प्रयुक्त होती हैं, तब उन्हें वर्ण कहते हैं।
प्रश्न 29. 'अक्षर' किसे कहते हैं ? लिखिए।
उत्तर-जिस ध्वनि का उच्चारण वाग्यन्त्र द्वारा श्वास- वायु के एक ही अघात से होता है, उसे 'अक्षर' कहते हैं ।
प्रश्न 30. भारत सरकार द्वारा कितनी क्षेत्रीय भाषाएँ मान्य हैं?
उत्तर-भारत सरकार द्वारा सोलह क्षेत्रीय भाषाएँ मान्य हैं।
प्रश्न 31. हिन्दी भाषा की स्वर-ध्वनियों में किनकी गणना होती है?
उत्तर-हिन्दी भाषा की स्वर- ध्वनियों में सभी स्वर, स्वरों की मात्राएँ, विसर्ग तथा अनुनासिक की गणना होती है।
प्रश्न 32, ध्वनि किसे कहते हैं?
उत्तर-मुख से निकलने वाली, वाग्यन्त्र से उच्चरित प्रत्येक स्वतन्त्र आवाज को 'ध्वनि' कहते है।
प्रश्न 33. शब्द और पद किसे कहते हैं?
उत्तर-एक या एक से अधिक वर्णों से बने और सार्थक ध्वनि को शब्द कहते हैं। शब्द जब वाक्य में प्रयुक्त
होता है तो उसे 'पद' कहते हैं ।
प्रश्न 34. वाक्य किसे कहते हैं ? लिखिए।
उत्तर-विशेष क्रम से लिखे गये सार्थक शब्दों के समृह को, जो पूर्ण अभिप्राय व्यक्त करे, उसे वाक्य कहते हैं।
प्रश्न 35. हिन्दी भाषा की सभी ध्वनियों का वर्गीकरण किस आधार पर किया जाता है ?
उत्तर-हिन्दी भाषा की सभी ध्वनियों का वगीकरण उच्चारण-स्थान तथा उच्चारण-प्रयत्न (स्पर्श) के आधार पर किया जाता है।
प्रश्न 36. भारत की प्राचीन लिपियाँ कौन- कौनसी थीं?
उत्तर-भारत की प्राचीन लिपियाँ ब्राह्मी और खरोष्ठी थीं ।
प्रश्न 37. देवनागरी लिपि का विकास किस लिपि से माना जाता है?
उत्तर-देवनागरी लिपि का विकास भारत की 'ब्राह्मी' लिपि से माना जाता है।
प्रश्न 38. किन भाषाओं को देवनागरी लिपि में लिखा जाता है?
उत्तर-संस्कृत, हिन्दी, प्राकृत, मराठी, कोंकणी, नैपाली आदि भाषाओं को देवनागरी लिपि में लिखा जाता है।
प्रश्न 39. ब्रेल लिपि से क्या आशय है?
उत्तर-अंधे लोगों के लिए संकेत-चिह्नों के रूप में लिखने-पढ़ने के माध्यम को 'ब्रेल लिपि' कहते हैं ।
लघूत्तरात्मक प्रश्न-
प्रश्न 1. भाषा किसे कहते हैं? स्पष्ट लिखिए।
उत्तर-मानव-समाज परस्पर विचारों एवं भावों का विनिमय करता है, सन्देश और सूचना देता है या अपनी बात का सम्प्रेषण करता है । इस तरह की अभिव्यक्ति जिस माध्यम से होती है, उसे भाषा कहते हैं । वाणी का व्यक्त रूप हो भाषा कहलाती है । इस प्रकार मनुष्य की वाचिक वाणी ही मानक भाषा कहलाती है।
प्रश्न 2. कोई बोली भाषा कब बन जाती है?
उत्तर-सामान्यत: कोई 'बोली' तभी एक बोली कही जाती है, जब तक उसे साहित्य, धर्म, व्यापार या राजनीति के कारण महत्त्व न प्राप्त हो, या जब तक पड़ोसी बोलियों के बोलने वाले उसे समझ न सकें। इन दोनों में से किसी एक या दोनों की प्राप्ति करते ही बोली भाषा बन जाती है।
प्रश्न 3. भाषा के प्रयोजन को स्पष्ट कीजिए।
उत्तर-भाषा का प्रयोजन विचारों को प्रकट करना है और विचार प्रकट करने के लिए मुख्यत: श्रोत्रग्राह ध्वनिे
चिह्न तथा लेखबद्ध अक्षरों की सहायता ली जाती है । दर्शन, स्पर्श और संकेत आदि द्वारा भी विचारों को व्यक्त किया जाता है। भाषा का दूसरा प्रयोजन किसी विषय पर विचार व्यक्त करना भी है।
प्रश्न 4. भाषा के किस रूप में व्याकरण सम्मतता की अधिकता सम्भव होती है ?
उत्तर-भाषा दो रूपों में प्रयुक्त होती है- मौखिक (उच्चरित) और लिखित। भाषा के दोनों रूप व्याकरण के नियमों से अनुशासित रहते हैं, किन्तु मौखिक रूप में यह व्याकरण सम्मतता कम रहती है। व्यक्ति धारा-प्रवाह बोलता रहता है, व्याकरण का उल्लंघन स्वाभाविक रहता है। लिखित रूप में भाषा का प्रयोग सोच-विचार के साथ होता है। अत: लिखित रूप अधिक व्याकरण सम्मत होता है।
प्रश्न 5. हिन्दी व्याकरण के बारे में संक्षेप में लिखिए ।
उत्तर- व्याकरण वह शास्त्र है, जो हमें किसी भाषा के शुद्ध रूप को लिखने तथा बोलने के नियमों का ज्ञान
कराता है। व्याकरण से नियमों में स्थिरता आती है। नियमों की स्थिरता भाषा को परिनिष्ठित रूप प्रदान करती है अतः व्याकरण ऐसा शास्त्र है जो भाषा को सर्वमान्य शिष्ट-सम्मत एवं स्थायी रूप प्रदान करता है।
प्रश्न.6. खड़ी बोली हिन्दी ने अपने शब्द-भंडार का विकास किस प्रकार किया है?
उत्तर- भाषा का मानक रूप तैयार करने के लिए सरकार ने अनेक कोश तैयार कराये हैं, पारिभाषिक शब्दकोश का निर्माण कराने के बाद हिन्दी का एक मानक रूप स्थापित हो गया है। पश्चिमी हिन्दी से विकसित खड़ी बोली ने शब्द भंडार का विकास प्राकृत > पाली > अपभंश > संस्कृत से तदभव रूप में किया है। इसमें उर्दू शब्दों का भी समावेश है।
प्रश्न 7, भाषा और बोली में क्या अन्तर है? बताइये।
उत्तर- व्यापक सामाजिक क्षेत्र में प्रयक्त होने वाली, सम्प्रेषण का माध्यम तथा वाचिक अभिव्यक्ति भाषा कहलाता है, परन्तु जो सीमित क्षेत्र में बोली जाती है और स्थान-भेद बोलचाल रूप में अविकसित रूप में प्रयुक्त होती है, उसे बोली या उपभाषा भी कहते हैं। भाषा का अपना व्याकरण होता है, परन्तु बोली व्याकरण से मुक्त रहती है।
प्रश्न 8. भाषा और व्याकरण का सम्बन्ध बताइये।
उत्तर- व्याकरण भाषा की वर्तनी को निश्चित रूप प्रदान करता है, अर्थात् जो भाषा मानक रूप में प्रयुक्त होता है, उसके वर्णों, व्यंजनों, शब्दों एवं वाक्यों आदि का विवेचन एवं प्रतिपादन व्याकरण के द्वारा ही होता है। अतः वाचिक माध्यम भाषा को बोलने-लिखने के नियमों से साधने वाली वर्तनी को व्याकरण कहते हैं। बिना व्याकरण के भाषा का परिष्कार नहीं हो पाता है।
प्रश्न 9. नागरी या देवनागरी लिपि का परिचय दीजिए।
उत्तर-हिन्दी भाषा की लिपि देवनागरी है । भाषा की ध्वनियों को जिन लेखन -चिह्रों में लिखा जाता है, उसे
लिपि कहते हैं, लिपि में मौखिक भाषा को ध्वनियों के अनुसार लिखकर व्यक्त करने के मानक चिह्र होते हैं, जैसे - देवनागरी लिपि में समस्त स्वर, व्यंजन एवं वर्ण तथा उनसे निर्मित शब्द आदि के जो मानक स्वरूप हैं, वे सब नागरी या देवनागरी लिपि में प्रयुक्त होते हैं ।
प्रश्न 10. भाषा और लिपि के अन्तर पर प्रकाश डालिए।
उत्तर-भाषा और लिपि का अन्तर निम्न प्रकार है- (1) भाषा सूक्ष्म है, लिपि स्थूल है । (2) भाषा की ध्वनियों
में अस्थायित्व है, लिपि में अपेक्षाकृत स्थायित्व है। (3) भाषा में सुर, तान आदि के द्वारा बहुत कुछ मनोभावों को व्यक्त किया जा सकता है, लिपि में नहीं। (4) भाषा श्रव्य है, लिपि दृश्य एवं पाठ्य। (5) भाषा त्वरित प्रभावकारी है, लिपि विलम्ब से।
प्रश्न 11. लिपि किसे कहते हैं? देवनागरी लिपि के गुण बताइए।
उत्तर-भाषा का लिखित रूप स्थायी होता है। भाषा की ध्वनियों को जिन लेखन-चिह्नों में लिखा जाता है, उसे
लिपि कहते हैं। लिपि में वर्तनी-चिहों का प्रयोग किया जाता है । देवनागरी लिपि के निम्न गुण है-
1. एक ध्वनि के लिए एक ही वर्ण संकेत।
2. एक वर्ण संकेत से अनिवार्यंतः एक ही ध्वनि व्यक्त।
3, जो ध्वनि का नाम वही वर्ण का नाम।
4. मूक वर्ण नहीं।
5, जो बोला जाता है वही लिखा जाता है।
6. एक वर्ण में दूसरे वर्ण का भ्रम नहीं।
7, उच्चारण के सूक्ष्मतम भेद को भी प्रकट करने की क्षमता।
৪ वर्णमाला ध्वनि वैज्ञानिक पड्धति के बिल्कुल अनुरूप।
9. प्रयोग बहुत व्यापक (संस्कृत, हिन्दी, मराठी, नेपाली की एकमात्र लिपि)।
10, भारत की अनेक लिपियों के निकट।
प्रश्न 12. व्याकरण के प्रमुख अंगों का परिचय दीजिए।
उत्तर-व्याकरण के प्रमुख अंग चार हैं-
(1) वर्ण विचार-इसके अन्तर्गत वर्णों से शब्द-निर्माण प्रक्रिया का उल्लेख किया जाता है।
(2) शब्द विचार-इसमें शब्द के भेद, उत्पत्ति, व्युत्पत्ति व रचना आदि का उल्लेख होता है।
(3) पद-विचार-इसमें शब्द से पद निर्माण प्रक्रिया, पद के विविध रूपों का वर्णन होता है।
(4) वाक्य विचार-इससे वाक्य के भेद, अन्वय, विश्लेषण, संश्लेषण, रचना-अवयव तथा वाक्य निर्माण
प्रक्रिया की जानकारी दी जाती है।
प्रश्न 13. भाषा की प्रमुख इकाइयों का परिचय दीजिए।
उत्तर-भाषा की निम्न काइयाँ हैं-
(1) ध्वनि- हमारे मुँह से निकलने वाली प्रत्येक आवाज 'ध्वनि' कहलाती है।
(2) वर्ण-यह भाषा की सबसे छोटी इकाई है। जैसे-क, च, टआदि।
(3) शब्द-वर्णां के सार्थक समृह को शब्द कहते हैं। जैसे-रा + मं = राम
(4) पद-वाक्य में प्रयुक्त शब्द को पद कहा जाता है।
(5) वाक्य-शब्दों के मेल से अब एक पूर्ण विचार प्रकट होता है, तो वह शब्द समूह वाक्य' कहलाता है।
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